पुराने बैंक खातों में भी राष्ट्रीय पहचान नंबर जरूरी

Hindi News Desk
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पुराने बैंक खातों में भी राष्ट्रीय पहचान नंबर जरूरी

नेपाल में राष्ट्रीय पहचान पत्र अनिवार्य होने से पहले खोले गए बैंक खातों में भी अब पहचान नंबर दर्ज कराना होगा। नेपाल राष्ट्र बैंक ने सभी लाइसेंस प्राप्त बैंक और वित्तीय संस्थानों को पुराने ग्राहकों का विवरण चरणबद्ध तरीके से अपडेट करने का निर्देश दिया है।

इसका असर उन लोगों पर भी पड़ेगा, जिन्होंने बैंक खाता खोलते समय नागरिकता प्रमाणपत्र या कोई दूसरा पहचान दस्तावेज दिया था। राष्ट्रीय पहचान पत्र बनवा चुके ग्राहकों को अब कार्ड या उसमें दर्ज राष्ट्रीय पहचान नंबर बैंक को देना होगा।

असोज के अंत तक बैंक लेंगे स्वघोषणा

राष्ट्र बैंक के निर्देश के मुताबिक, बैंकों को आगामी असोज के अंत तक अपने खाताधारकों से यह जानकारी लेनी होगी कि उनके पास राष्ट्रीय पहचान पत्र या पहचान नंबर है या नहीं।

इसके लिए मोबाइल बैंकिंग एप, डिजिटल फॉर्म या कोई दूसरा सुविधाजनक माध्यम इस्तेमाल किया जा सकता है। ग्राहक से ली गई जानकारी स्वघोषणा के रूप में बैंक के रिकॉर्ड में रखी जाएगी।

जिन ग्राहकों को राष्ट्रीय पहचान नंबर मिल चुका है, उनके बैंक रिकॉर्ड में वह नंबर जोड़ा जाएगा। यानी पुराना खाता होने के कारण किसी ग्राहक को इस व्यवस्था से छूट नहीं मिलेगी।

पहचान पत्र नहीं बना तो खाता तुरंत बंद नहीं होगा

राष्ट्रीय पहचान पत्र बनवाने की प्रक्रिया पूरी नहीं कर पाए ग्राहकों के बैंक खाते पर फिलहाल तत्काल रोक नहीं लगाई जाएगी। राष्ट्र बैंक ने साफ किया है कि ऐसे लोगों को खाता चलाने से तुरंत वंचित करने का निर्देश नहीं दिया गया है।

हालांकि, उन्हें राष्ट्रीय पहचान नंबर हासिल करने और पौष के अंत तक बैंक में अपडेट कराने की जानकारी देनी होगी। बैंक और वित्तीय संस्थानों की जिम्मेदारी होगी कि वे ग्राहकों तक समय पर सूचना पहुंचाएं।

ग्राहकों को भी बैंक से आने वाले एसएमएस, मोबाइल एप के नोटिस, ईमेल या अन्य सूचनाओं पर ध्यान देना होगा। तय समय के भीतर जानकारी न देने पर बाद में बैंकिंग सेवा लेते समय दिक्कत आ सकती है।

बैंकिंग रिकॉर्ड को राष्ट्रीय प्रणाली से जोड़ने की तैयारी

नई व्यवस्था का उद्देश्य बैंकिंग प्रणाली में दर्ज ग्राहक पहचान को राष्ट्रीय पहचान प्रणाली से जोड़ना है। इससे एक ही व्यक्ति के अलग-अलग दस्तावेज और बिखरे रिकॉर्ड को व्यवस्थित करने में मदद मिलने की उम्मीद है।

राष्ट्र बैंक का जोर पुराने खातों के ग्राहक विवरण को भी नए पहचान ढांचे के अनुसार अपडेट करने पर है। बैंक अब केवल नए खाता खोलने वालों से ही नहीं, बल्कि वर्षों से खाता चला रहे ग्राहकों से भी राष्ट्रीय पहचान नंबर मांगेंगे।

हालांकि, 16 वर्ष से कम उम्र के बच्चों के नाम पर खोले जाने वाले बैंक खातों में राष्ट्रीय पहचान पत्र अनिवार्य नहीं होगा। राष्ट्र बैंक ने इस आयु वर्ग को नई व्यवस्था से अलग रखा है।

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