सुनसरी हिंसा: पीड़ितों और सरकार में 7 सूत्रीय समझौता
सुनसरी में धार्मिक हिंसा के बाद सरकार और पीड़ित परिवारों के बीच सात सूत्रीय समझौता हो गया है। हालात बिगड़ने और तनाव दूसरे जिलों तक पहुंचने के बीच गृह मंत्री सुधन गुरुङ गुरुवार को घटनास्थल पहुंचे। उन्होंने अस्पतालों में भर्ती घायलों से मुलाकात की और पीड़ित परिवारों के साथ लंबी बातचीत के बाद सहमति बनी।
सुनसरी में अब तक दो लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि आठ लोग घायल हैं। समझौते के तहत दोनों मृतकों को शहीद घोषित करने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी और उनके परिवारों को 10-10 लाख रुपये की राहत राशि दी जाएगी।
सुनसरी में बातचीत पूरी करने के बाद गृह मंत्री गुरुङ सिरहा के लिए रवाना हो गए। सिरहा के गोलबजार में हुई गोलीबारी में 20 वर्षीय गणेश यादव की मौत हो गई थी। वहां भी सरकार की ओर से मृतक के परिजनों से बातचीत की तैयारी की गई है।
सरकार और पीड़ित परिवारों के बीच समझौता होने के बाद प्रशासन को उम्मीद है कि प्रभावित इलाकों में हालात सामान्य होने की दिशा में आगे बढ़ेंगे।
समझौते के सात प्रमुख बिंदु
- दोनों मृतकों को शहीद घोषित करने की प्रक्रिया तत्काल शुरू की जाएगी।
- प्रत्येक मृतक के परिवार को 10 लाख रुपये की राहत राशि उपलब्ध कराई जाएगी।
- घटना की निष्पक्ष और प्रभावी जांच कर दोषियों के खिलाफ प्रचलित कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।
- देवानगंज गांवपालिका-3 स्थित मदरसे की कानूनी स्थिति और उससे जुड़े विषयों की तत्काल जांच शुरू होगी।
- प्रत्येक मृतक के परिवार के एक योग्य सदस्य को रोजगार का अवसर दिया जाएगा।
- जांच समिति की सिफारिशों को लागू किया जाएगा और दोनों मृतकों की स्मृति में स्थानीय सरकार के समन्वय से स्मृति पार्क बनाया जाएगा।
- श्रावण 15 की दोपहर 2 बजे दोनों मृतकों का अंतिम संस्कार कराने पर सहमति बनी है।
समझौते को लागू करने का भरोसा
समझौता पत्र पर पीड़ित परिवारों के प्रतिनिधियों और सरकार की ओर से गृह मंत्री सुधन गुरुङ ने हस्ताक्षर किए।
बातचीत के बाद पीड़ित परिवारों ने उम्मीद जताई कि सरकार अपनी सभी घोषणाओं को समय पर लागू करेगी। वहीं सरकार की ओर से कहा गया है कि समझौते में शामिल सभी बिंदुओं को चरणबद्ध तरीके से अमल में लाया जाएगा।
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