फीफा विश्व कप 2026 में कोलंबिया ने अपने अभियान की शुरुआत जीत के साथ की है। समूह ‘के’ के मुकाबले में दक्षिण अमेरिकी टीम ने उज्बेकिस्तान को 3-1 से हराकर पूरे तीन अंक अपने नाम किए। मेक्सिको सिटी के एस्टादियो अज्टेका स्टेडियम में खेले गए इस मैच में कोलंबिया का अनुभव और आक्रामक खेल साफ नजर आया।
शुरुआत से ही गेंद पर नियंत्रण बनाए रखने वाली कोलंबियाई टीम ने पहले हाफ में लगातार दबाव बनाया। उसका फायदा 41वें मिनट में मिला, जब लुइस डियाज के सटीक पास पर डैनियल मुनोज ने गोल दागकर टीम को बढ़त दिलाई।
विश्व कप में उज्बेकिस्तान का ऐतिहासिक पल
पहली बार विश्व कप खेलने उतरी उज्बेकिस्तान की टीम ने दूसरे हाफ में मुकाबले में वापसी की कोशिश की। 60वें मिनट में अब्बोसबेक फैजुल्लाएव ने हेडर के जरिए गोल कर स्कोर 1-1 कर दिया।
यह गोल कई मायनों में खास रहा। यह विश्व कप इतिहास में उज्बेकिस्तान का पहला गोल था और टीम के लिए यादगार क्षण बन गया।
डियाज ने फिर बदला मैच का रुख
हालांकि बराबरी ज्यादा देर तक नहीं टिक सकी। गोल खाने के पांच मिनट बाद ही कोलंबिया ने फिर बढ़त हासिल कर ली। इस बार लुइस डियाज खुद गोल करने वालों में शामिल रहे। उनका जोरदार शॉट गोलकीपर के हाथों से छूटता हुआ सीधे जाल में जा पहुंचा।
इसके बाद उज्बेकिस्तान ने एक और बराबरी के गोल के लिए हमला तेज किया, लेकिन कोलंबिया की रक्षापंक्ति ने उन्हें ज्यादा मौके नहीं दिए।
अंतिम क्षणों में जीत पर लगी मुहर
मुकाबले के अतिरिक्त समय में कोलंबिया ने तीसरा गोल कर जीत पूरी तरह सुरक्षित कर ली। जुआन हेर्नांडेज की ओर से आए क्रॉस पर जामिंटन कैंपाज ने शानदार हेडर लगाकर स्कोर 3-1 कर दिया।
उज्बेकिस्तान के पास भी कुछ अच्छे मौके आए। करिमोव का एक शॉट पोस्ट से टकराकर बाहर चला गया, जिससे टीम दूसरी बार गोल करने से चूक गई।
कोलंबिया ने दिखाई मजबूत दावेदारी
कोपा अमेरिका की उपविजेता रही कोलंबिया ने पहले ही मैच में स्पष्ट संकेत दे दिया है कि वह इस विश्व कप में लंबी दौड़ लगाने की क्षमता रखती है। दूसरी ओर, उज्बेकिस्तान ने हार के बावजूद अपने पहले विश्व कप मैच में जुझारूपन दिखाया और इतिहास में अपना पहला गोल दर्ज कर सकारात्मक शुरुआत की।
समूह चरण के अगले मुकाबलों में दोनों टीमों की नजरें बेहतर नतीजों पर होंगी, लेकिन शुरुआती दौर में बढ़त बनाने का फायदा फिलहाल कोलंबिया के पास है।